चुदने का मन हो जाता और मेरे पास आ जाती


Antarvasna, kamukta: मैंने अपनी एम.बीए की पढ़ाई पुणे से पूरी की और उसके कुछ समय बाद ही मेरी मुंबई में नौकरी लग गई। मुम्बई में मेरी नौकरी लगी तो मेरे लिए सब कुछ नया ही था क्योंकि मुझे मुंबई के बारे में ज्यादा पता नहीं था इसलिए मैं अपने ऑफिस जाता और ऑफिस से सीधे घर आता लेकिन अब धीरे धीरे मुंबई में भी मेरी दोस्ती होने लगी थी। एक दिन मैं अपने दोस्त के साथ मॉल में गया हुआ था जब मैं उसके साथ मॉल में गया तो उस दिन मनीष ने मुझे महिमा से मिलवाया महिमा उसके साथ कॉलेज में पढ़ा करती थी और वह भी अब मुंबई में ही जॉब कर रही थी। मनीष ने जब पहली बार मुझे महिमा से मिलवाया तो मुझे उससे मिलकर अच्छा लगा उसके बाद हम दोनों की मुलाकात नहीं हुई थी। एक दिन मैंने अपने फेसबुक से महिमा को फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजी तो उसने भी मेरी फ्रेंड रिक्वेस्ट एक्सेप्ट कर ली।

मुझे तो लगा था कि शायद वह मुझे पहचान नहीं पाएगी लेकिन उसने मुझे पहचान लिया था और उसके बाद वह मुझसे बातें करने लगी तो मुझे भी बहुत ही अच्छा लग रहा था। जब मैं महिमा से बातें कर रहा था तो महिमा से बातें कर के मैं बहुत खुश था और महिमा भी बड़ी खुश थी वह मुझे कहने लगी अविनाश हम लोगों को कभी मिलना चाहिए। हम लोगो ने मिलने का फैसला किया मैं पहली बार  ही अकेले में महिमा से मिलने वाला था क्योंकि इससे पहले मनीष ने मुझे महिमा से मिलवाया था तो उस वक्त मेरी महिमा से इतनी बात नहीं हुई थी लेकिन अब महिमा और मेरी फेसबुक चैट पर और फोन पर काफी बातें होती थी। हम लोगों ने मिलने का फैसला किया तो उस दिन मैं महिमा को मिलने के लिए उसी मॉल में गया जिसमें हम लोग पहली बार एक दूसरे को मिले थे। मैं जब महिमा को मिला तो उस दिन महिमा बहुत ही ज्यादा सुंदर लग रही थी मैंने महिमा से कहा कि आज तुम बहुत सुंदर लग रही हो तो वह मुझे कहने लगी अविनाश तुम भी तो बहुत अच्छे लग रहे हो।

मैंने महिमा को कहा कि लेकिन तुम बहुत ही अच्छी हो और मैं जब भी तुमसे बात करता हूं तो मेरी सारी परेशानी झट से दूर हो जाया करती हैं। महिमा मुझे कहने लगी कि मुझे तो लगा था कि हम लोग शायद कभी मिल ही नहीं पाएंगे क्योंकि तुम्हारे पास तो बिल्कुल भी समय नहीं होता है। मैंने महिमा से कहा आज तुमसे मिलकर मुझे बहुत अच्छा लग रहा है। मैं और महिमा एक दूसरे से बात कर रहे थे तो महिमा ने मुझे अपने बारे में काफी कुछ चीजो को बताया महिमा ने मुझे अपने परिवार की आर्थिक हालातों के बारे में बताया। महिमा ने बताया कि उसके पापा का पहले बिजनेस हुआ करता था लेकिन उसमें नुकसान हो जाने की वजह से उसके पापा मानसिक रूप से काफी ज्यादा परेशान रहने लगे और वह घर पर ही रहते हैं। महिमा के बड़े भैया जॉब करते हैं लेकिन उनकी कमाई भी इतनी नहीं होती की उससे वह अच्छे से घर चला सके इसलिए महिमा को उनकी मदद करनी पड़ती है। मैंने महिमा को कहा कि तुम अपने घर के लिए इतना कुछ कर रही हो क्या तुम्हें लगता नहीं कि कभी तुम्हें अपने लिए भी कुछ करना चाहिए तो महिमा मुझे कहने लगी कि मुझे मालूम है कि मैं अपने बारे में कभी भी नहीं सोचती लेकिन मेरा परिवार ही मेरे लिए सबसे पहले हैं। मैंने महिमा से कहा कि यह तो तुम्हारी बड़ी अच्छी सोच है महिमा की इस बात से मैं बड़ा ही प्रभावित हुआ मैंने महिमा को कहा कि तुम यह बहुत ही अच्छा सोचती हो महिमा मुझे कहने लगी कि अविनाश मेरे लिए तो पहले मेरा परिवार ही है। मैं महिमा की बातों से बड़ा ही ज्यादा प्रभावित हो गया था और हम लोग उस दिन साथ में करीब तीन घंटे तक रहे लेकिन समय का कुछ पता ही नहीं चला कि कब समय इतनी तेजी से बीत गया। उसके बाद मैं घर आ गया मैं जब घर लौटा तो मेरे दिलो दिमाग में जैसे महिमा पूरी तरीके से छा चुकी थी और उसके अलावा मुझे कुछ भी नहीं सूझ रहा था। मैं महिमा से फोन पर बातें करने लगा और हम लोग कभी कबार ही मिला करते थे लेकिन जब भी मैं महिमा से मिलता तो मुझे ऐसा लगता कि जैसे मैं बस महिमा से ही बातें करता रहूं और हमारी बातें कभी खत्म ही ना हो। महिमा भी मुझसे बहुत ज्यादा प्रभावित थी और उसे मेरे साथ समय बिताना अच्छा लगता महिमा मुझ पर पूरा भरोसा करने लगी थी इसलिए महिमा को जब भी मेरी जरूरत होती तो मैं सबसे पहले उसकी मदद के लिए तैयार रहता।

महिमा ने एक दिन मुझे कहा कि अविनाश मेरे पापा और मम्मी कुछ दिनों के लिए मेरे पास आने वाले हैं मैंने महिमा को कहा कि तुम मुझे बताओ कि तुम्हारी मुझे क्या मदद करनी है। महिमा ने मुझे कहा कि तुम कुछ दिनों के लिए उनके रहने का क्या कहीं पर अरेंज कर सकते हो तो मैंने महिमा को कहा बस इतनी सी बात है, मैंने महिमा को कहा तुम उसकी बिल्कुल भी फिक्र मत करो। मैंने महिमा के पापा मम्मी के लिए होटल में व्यवस्था करवा दी थी क्योंकि महिमा अपनी फ्रेंड के साथ रहती थी इसलिए महिमा के मम्मी पापा उसके साथ नहीं रुक सकते थे। मैंने उन लोगों के लिए होटल अरेंज करवा लिया था जिससे कि महिमा बड़ी ही खुश थी। महिमा के पापा मम्मी जब मुम्बई आए तो महिमा ने मुझे भी उनसे मिलवाया और कहा कि यह अविनाश है और मेरे बहुत अच्छे दोस्त हैं। महिमा के पापा मम्मी को भी मुझसे मिलकर बहुत अच्छा लगा, महिमा बड़ी खुश थी उसके कुछ दिन बाद वह लोग वापस चले गए। अब महिमा और मेरे बीच में कुछ ज्यादा ही नजदीकियां बढ़ने लगी थी मुझे लगने लगा था कि शायद हम दोनों एक दूसरे से प्यार करने लगे हैं। मैंने महिमा से अभी तक अपने दिल की बात नहीं कही थी मैं चाहता था कि मैं महिमा से अपने दिल की बात कहूं लेकिन मैं महिमा से अपने दिल की बात कह नहीं पाया था।

हम दोनों के बीच सब कुछ बड़े ही अच्छे से चल रहा था और महिमा भी बड़ी खुश थी की वह मेरे साथ अपनी बातों को शेयर कर लिया करती है। मैं और महिमा एक दूसरे के साथ अच्छे से देते महिमा का भरोसा मुझ पर बढ़ता ही जा रहा था। एक दिन महिमा मेरे फ्लैट में आई हुए थी तो उसे नहीं मालूम था कि आज हमारे बीच में अंतरंग संबंध बन जाएगा। उस दिन हम दोनों साथ में बैठे हुए थे मैंने महिमा के लिए कॉफी बनाई। हम कॉफी पी रहे थे लेकिन कॉफी पीने के बाद जब मैंने महिमा का हाथ पकड़ लिया तो मेरे अंदर एक अलग सा कंरट दौड़ने लगा और महिमा के तन बदन मे आग लग चुकी थी। वह अपने आपको रोक नहीं पा रही थी महिमा ने मेरे होठों को चूम लिया जब उसने मेरे होठों को किस किया तो मुझे बड़ा ही अच्छा लग रहा था और उसे भी मजा आने लगा था। हम दोनों एक दूसरे की बाहों में आ चुके थे अब हम दोनों एक दूसरे के लिए तडपने लगे थे। मैंने महिमा को जब अपनी बाहों में लिया तो उसके स्तन मेरी छाती से टकराने लगे थे। महिमा मुझे कहने लगी मुझे बड़ा ही अच्छा लग रहा है मैंने महिमा के कपड़ों को उतारना शुरू किया मैंने जब महिमा के कपडे उतारकर उसे नंगा कर दिया तो उसका पूरा बदन देख मैं तो अपने आपको बिल्कुल भी रोक नहीं पा रहा था। मैंने उसके स्तनों को दबाना शुरू किया जब मैं उसके स्तनों को दबा रहा था तो उसकी चूत से निकलता हुआ पानी कुछ ज्यादा ही अधिक होने लगा था वह मेरी गर्मी को बढ़ाती जा रही थी। मैंने महिमा से कहा मेरी गर्मी बढ़ चुकी है मैं रह नहीं पा रही हूं। महिमा और मैं बिल्कुल भी रह नहीं पा रहे थे मैंने महिमा की चूत पर अपने मोटे लंड को लगाया और जैसे ही मैंने महिमा की चूत पर अपने लंड को लगाया तो महिमा की चूत से निकलता हुआ पानी कुछ ज्यादा ही अधिक होने लगा था। मैंने जब उसकी चूत पर अपने लंड को लगाकर अंदर घुसाया तो वह कहने लगी अविनाश मुझे बिल्कुल भी ठीक नहीं लग रहा है।

कही ना कही महिमा भी चाहती थी कि मैं उसकी चूत मारू। मैंने महिमा की चूत में अपने लंड को प्रवेश करवा दिया और उसके मुंह से जोर की चीख निकली वह कहने लगी मेरी चूत को तुमने फाड़ दिया है। उसकी योनि से खून बाहर की तरफ को बहने लगा था मुझे अच्छा लग रहा था। मैं उसे धक्के मारे जा रहा था मैंने महिमा के दोनों पैरो को आपस में मिला लिया मैंने उसके दोनों पैरों को आपस में मिलाया तो मुझे उसकी चूत बहुत ज्यादा टाइट महसूस होने लगी। महिमा मुझे कहने लगी मुझे तुम चोदते जाओ। मैंने महिमा को कहां मुझे तुम्हें धक्के मारने में बड़ा मजा आ रहा है तो महिमा इस बात से बहुत ज्यादा खुश हो चुकी थी। मैं महिमा को बड़ी जोरदार तरीके से धक्के मार रहा था मुझे एहसास हो चुका था कि मैं ज्यादा देर तक महिमा की योनि के मजे नहीं ले पाऊंगा।

मैंने उसकी चूत मे अपने वीर्य को गिराकर महिमा की चूत की खुजली को तो मिटा दिया था लेकिन उसके बाद भी मेरे और महिमा की बीच में दोबारा से सेक्स हुआ। मैंने जब उसकी चूतडो को अपनी तरफ किया उसकी चूत से मेरा वीर्य अभी भी टपक रहा था। मैंने एक जोरदार झटके के साथ उसकी चूत के अंदर लंड घुसा दिया। मैंने जब महिमा को झटके मार रहा था तो उसकी चूत मे मेरा लंड अंदर तक जा रहा था मुझे बड़ा ही अच्छा लगने लगा था। जिस प्रकार से मैं महिमा को चोद रहा था उससे महिमा बड़ी खुश हो गई थी। महिमा मुझे कहने लगी मुझे तुम ऐसे ही धक्के मारते रहो। मैंने महिमा की चूत के अंदर अपने वीर्य को गिराया और उसकी चूत की खुजली को मिटा दिया था। उसके बाद मैंने और महिमा ने कपड़े पहन लिए लेकिन मुझे कुछ समझ नहीं आया हम दोनों के बीच में सेक्स कैसे गया। उस दिन के बाद महिमा और मैंने दूरी बनाने की कोशिश की लेकिन हम दोनों एक दूसरे के प्रति खींचे चले आते और एक दूसरे के साथ शारीरिक संबंध बना लिया करते हैं।



Online porn video at mobile phone


maa ne chodna sikhayamummy ko pata ke chodaindian sax storeyhindi sexy kathadashi chudaiindian hindi sex story comchut landhनौकरांनी ने बहू कि चुत दिलवाई सेक्सी स्टोरीsavita bhabhi ki chudai ki story in hindipalang tod chudaichut hindi sexchodai ke kahani hindi mehindi aunty sexy storyjangal me mangal sex videoindian hindi saxbhabhi ko bhai ne chodachudai stories antarvasnamarathi suhagrat storydudhwali sexhot indian chudai storiesantarvasna chudai ki kahanisaas aur damaddesi bhabhi bazarbeti ki chudai ki kahanimast aunty ki chudaigori ladkichudai ki kahani newhindi saxy imagedesi chuthindi sex story groupdevar bhabhi ki sexyhindi chudai khaniya commeri suhagraat ki kahanicartoon sex hindikahani chut kichudai ki kahani hindi manew desi chudai storymeri chudai ki kahani in hindichoti behan ki phudi mariचूदा के समय चूतफाड घोडा www.comnepali chudai kahanichudai ki hawashot devarहमने तो सिर्फ चूत चोदने का ऑफर दिया लेकिन वो गांड मारने लगेhindi randi sex storydesi galinew hindi sexy storykothe pe chudaichachi ko choda hindi kahanigandi kahani facebookchuchi ki kahanidesi chut in hindigand mari sexfamily hindi sex storyबियर पीकर मेने चूत चुदवाईnew teacher ki chudainew chodai story hindiporn chudaibhabhi story with photoblue film hindi meinhindu aurat ko chodamastram ki kahani hindi mechoot bhabhi kisexy chotimeri sex kahanichudai ki kahani gfbehan chudai hindi storybhen bhaie ki secxy cudaie ki kahanisagi khala ko chodachachi ko chodnahindisexy storisbahan ki sexy kahanibua ki chudai sex storypregnant chootdesi sex taleshot antarvasnabf ki kahanimast hindi sexy storychut ki tadapxxx hindi khaniyasex kahaniantervasneantervasana amroot ka perchoot ki chudai kahanisex stores hindi combehan ki chudai hindi sexy storychudai boobslund ki chahatdevar se chudai ki kahaniyabhabhi choot ki photopunjabi saxy storysexy hindi chudai ki kahanicall girl ko chodanew sex story comsexyhindi storystory hindi pornstory hindi medesi kuwari chut